आज सूबेदार जोगिंदर सिंह जी परमवीर चक्र (मरणोपरांत) का बलिदान दिवस है।1962 के भारत चीन युद्ध मे अरूणाचल प्रदेश के बुमला नाम के स्थान पर अपनी बटालियन का नेतृत्व करते हुए अकेले ही 50 से अधिक चीनियों को मार कर देश को अपना सर्वस्व न्योछावर कर देने वाले जोगिंदर सिंह जी को उनकी पुण्यतिथि पर शत शत नमन।
अपनी अरुणाचल प्रदेश यात्रा के दौरान जब मैं सीमा से बिल्कुल सटे क्षेत्र बुमला की ओर जा रहा था, तो वहां इस छोटे से युद्ध स्मारक के बारे में जाना। ये स्मारक छोटा अवश्य है, लेकिन गवाह है, एक ऐसी वीर गाथा का, जिसे लिखा था, शूरवीर सूबेदार जोगेंदर सिंह जी ने।